AARON FINCH
टी20 विश्व कप खेल रहे ये 3 खिलाड़ी अगर कप्तान नहीं होते तो नहीं मिलती प्लेइंग इलेवन में जगह

टीम का कप्तान फिल्ड पर सबसे महत्वपूर्ण और ओहदेदार खिलाड़ी होता है. साथ ही उसका परफॉर्मेंस भी चरम स्तर का बढ़िया होना चाहिए ताकि कप्तान बाकि खिलाड़ियों के लिए एक उदाहरण सेट कर सके, लेकिन वर्तमान समय में कई टीम के कप्तान ऐसे हैं कि अगर वह कप्तान न होते तो उन्हें प्लेइंग इलेवन में भी मौका नही मिलता.

इस लेख में हम ऐसे ही विश्व क्रिकेट के कुछ कप्तानों की बात करेंगे.

आरोन फिंच

ऑस्ट्रेलिया के कप्तान आरोन फिंच एकदम से आउट ऑफ फार्म चल रहे हैं. कहा जा रहा है कि अगर फिंच टीम के कप्तान न होते तो उन्हें 15 सदस्यीय टीम में भी मौका नही मिलता. यह बात उन्हें भी पता है इसलिए उन्होंने ऐलान कर दिया था कि टी-ट्वेंटी विश्व कप के बाद क्रिकेट से संन्यास ले लेंगे.

स्मिथ और वॉर्नर के बैन के बाद आरोन फिंच को कप्तानी सौंपी गई थी. इस दौरान उन्होंने 122 मुक़ाबले खेले हैं, जिसमें उन्होंने 4129 रन बनाए हैं. शुरू में फिंच बहुत शानदार प्रदर्शन कर रहे थे लेकिन साल 2022 में वह एकदम से आउट ऑफ फार्म चल रहे थे.

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इस लिस्ट के दूसरे नाम हैं दक्षिण अफ्रीका के वर्तमान कप्तान टेम्बा बावुमा. कप्तान बनने से पहले बावुमा अच्छी क्रिकेट खेल रहे थे. लेकिन जब साल 2021 में उन्हें क्रिकेट के सीमित प्रारूप के कप्तान बनाया गया तो उनके प्रदर्शन में गिरावट आने लगी. 2021 से अबतक उन्होंने 31 मुक़ाबले में कप्तानी की जिसमें वह सिर्फ 700 रन ही अपने टीम के खाते में जोड़ पाए हैं.

टेम्बा बावुमा में एक अच्छे बल्लेबाज़ का हुनर तो दिखता है लेकिन वह एक अच्छे कप्तान के रूप में उभर नही पा रहे हैं इसलिए किक्रेट एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर टेम्बा बावुमा टीम के कप्तान न होते तो उन्हें प्लेइंग इलेवन में मौका भी न मिलता.

केन विलियम्सन

लिस्ट के तीसरे नाम हैं न्यूजीलैंड के कप्तान केन विलियम्सन. यह नाम सुनकर आप चौंक जरूर जायेंगे लेकिन वास्तविकता यह है कि केन विलियम्सन प्योर टी-ट्वेंटी के बल्लेबाज नही है. इस साल केन विलियम्सन ने टीम के लिए कुल 9 मैच खेले हैं, जिसमें उन्होंने सिर्फ 294 रन ही बना पाये हैं.

वहीं पिछली साल उन्होंने सिर्फ 693 रन ही बना पायें थे. केन विलियम्सन वर्ल्ड क्लास बल्लेबाज हैं, वह टी-ट्वेंटी में भी ठीक-ठाक खेलते हैं लेकिन सबको पता है यह फॉर्मेट ठीक-ठाक क्रिकेट नही बल्कि हाई-फाई क्रिकेट मांगता है.

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