उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने एक बार फिर कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर अपनी सरकार का पक्ष मजबूती से रखा है। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने प्रदेश में अपराध और माफिया तंत्र के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि जो लोग पहले कानून को चुनौती देते थे, आज वे या तो जेल में हैं या कानून के दायरे में आ चुके हैं। उन्होंने कहा कि राज्य में शांति और सुरक्षा का माहौल स्थापित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता रही है।
“बोली से गोली” वाले दौर का जिक्र
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में प्रदेश के पुराने हालात का उल्लेख करते हुए कहा कि एक समय ऐसा था जब अपराधियों का दबदबा दिखाई देता था और आम नागरिक खुद को असुरक्षित महसूस करता था। उन्होंने कहा कि पहले विवादों का समाधान संवाद की जगह हिंसा और दबंगई से किया जाता था। लेकिन पिछले कुछ वर्षों में सरकार ने ऐसी व्यवस्था विकसित की है, जिसमें कानून का राज सर्वोपरि है और किसी भी व्यक्ति को कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं है।
विकास के नए आयाम
कानून-व्यवस्था के साथ-साथ मुख्यमंत्री ने विकास कार्यों को भी सरकार की बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि बेहतर सुरक्षा व्यवस्था के कारण प्रदेश में निवेश का माहौल बना है। देश और विदेश की कई कंपनियां उत्तर प्रदेश में निवेश कर रही हैं, जिससे रोजगार के नए अवसर पैदा हो रहे हैं। सड़क, एक्सप्रेसवे, एयरपोर्ट और औद्योगिक परियोजनाओं के जरिए राज्य की अर्थव्यवस्था को नई गति मिली है।
निवेश और रोजगार पर विशेष फोकस
मुख्यमंत्री के अनुसार, प्रदेश सरकार युवाओं के लिए रोजगार सृजन को प्राथमिकता दे रही है। औद्योगिक निवेश के साथ-साथ स्टार्टअप और स्वरोजगार योजनाओं को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि निवेशकों का विश्वास बढ़ने से उत्तर प्रदेश देश की अग्रणी अर्थव्यवस्थाओं में शामिल होने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
जनता के विश्वास को बताया सबसे बड़ी ताकत
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की सबसे बड़ी उपलब्धि जनता का विश्वास है। कानून-व्यवस्था में सुधार और विकास परियोजनाओं के सफल क्रियान्वयन ने लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है। उन्होंने भरोसा जताया कि आने वाले वर्षों में उत्तर प्रदेश विकास, निवेश और सुशासन के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित करेगा।
सरकार का मानना है कि मजबूत कानून-व्यवस्था और तेज विकास एक-दूसरे के पूरक हैं। इसी सोच के साथ उत्तर प्रदेश को सुरक्षित, समृद्ध और आत्मनिर्भर राज्य बनाने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
