श्रेयस अय्यर (Shreyas Iyer) ने 2 सीरीज और 7 मैच हारने के बाद पहली बार बतौर कप्तान जीत हासिल की है. आईसीसी टी20 विश्व कप 2026 (ICC T20 World Cup 2026) जीतने वाले कप्तान सूर्यकुमार यादव (Suryakumar Yadav) की जगह पर श्रेयस अय्यर को टीम इंडिया का कप्तान बनाया गया था, लेकिन उनकी कप्तानी में भारत को लगातार 2 सीरीज में आयरलैंड और इंग्लैंड के सामने शिकस्त का सामना करना पड़ा था.
अब पहली बार उन्होंने अपनी कप्तानी में जीत हासिल करने के बाद इस जीत का श्रेय खुद को और कोच वीवीएस लक्ष्मण (VVS Laxman) को न देते हुए एक खिलाड़ी को दिया है. श्रेयस अय्यर (Shreyas Iyer) ने क्या कुछ कहा आइए जानते हैं.
Shreyas Iyer ने इस खिलाड़ी को दिया अपनी पहली जीत का श्रेय
भारतीय टीम को श्रेयस अय्यर (Shreyas Iyer) की कप्तानी में पहली बार किसी मैच में जीत मिली है, इससे पहले टीम इंडिया को लगातार हार का सामना करना पड़ा था. भारतीय कप्तान ने इस जीत का पूरा श्रेय अपने तेज गेंदबाज मयंक यादव (Mayank Yadav) को देते हुए कहा कि
“शानदार. उनका प्रदर्शन बेहद प्रभावशाली रहा और मुझे अपनी पहली जीत मिली, इससे ज़्यादा खुशी मुझे नहीं हो सकती.”
अपनी टीम के परिस्थितियों के अनुकूल ढलने पर श्रेयस अय्यर ने कहा कि
“बिल्कुल, जैसा कि मैंने पहले बताया, मुझे उछाल का अंदाज़ा था और इस विकेट पर अच्छा-खासा उछाल था, खासकर हार्ड लेंथ से और शुरुआत में पिच में उतार-चढ़ाव भी था. मुझे व्यक्तिगत रूप से लगता है कि दोनों पारियों में ऐसा ही था, लेकिन मयंक ने जिस तरह से गेंदबाजी की, अपनी लाइन और लेंथ को सटीक रखते हुए, उन्होंने विरोधी टीम को रन बनाने का मौका ही नहीं दिया. मुझे लगता है कि यह हमारे लिए बहुत महत्वपूर्ण है और फिर वैभव ने पावरप्ले में आकर हमें शानदार शुरुआत दी.”
Shreyas Iyer ने जिम्बाब्वे के तारीफों के बांधे पूल
क्या आपको थोड़ी चिंता है कि आपने उन्हें थोड़ा जल्दी आउट नहीं किया, जिससे वे 120 रन पार कर पाए? इस सवाल के जवाब में श्रेयस अय्यर ने जिम्बाब्वे के बल्लेबाजों की तारीफ़ की और कहा कि वो इससे नाखुश नही हैं.
श्रेयस अय्यर ने अपनी रणनीति के बारे में बात की इसके साथ ही उन्होंने जिम्बाब्वे के बल्लेबाजों की भी जमकर तारीफ़ की. श्रेयस अय्यर ने कहा कि
“हर टीम में एक ऐसा बल्लेबाज होता है जो टीम को पूरी ताकत से आगे ले जाकर एक अच्छा स्कोर खड़ा कर सकता है. मुझे लगता है कि उन्होंने विकेट का अच्छी तरह से विश्लेषण किया और उन्होंने साझेदारियां बनानी शुरू कर दीं. तभी मैंने अपने गेंदबाजों को भी रोटेट करने का सोचा और यह सुनिश्चित करना चाहा कि उन्हें अच्छी लय मिले, क्योंकि हमें यहां दो और मैच खेलने हैं. इसलिए, सभी को गेंदबाजी और बल्लेबाजी करने का मौका मिलना, वास्तव में उन्हें काफी आत्मविश्वास भी देता है.”
