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खरीफ सीजन को लेकर सतर्क हुए मुख्यमंत्री योगी, विभागों को दिए विशेष निर्देश

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उत्तर प्रदेश में खरीफ सीजन की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी संबंधित विभागों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। बदलते मौसम और संभावित प्राकृतिक चुनौतियों को देखते हुए राज्य सरकार ने कृषि, सिंचाई, ऊर्जा तथा राजस्व विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने को कहा है। मुख्यमंत्री का मानना है कि किसानों को समय पर सहायता और संसाधन उपलब्ध कराकर किसी भी प्रकार के नुकसान को कम किया जा सकता है।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रदेश के सभी जिलों में मौसम की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जाए। यदि कहीं अत्यधिक वर्षा, सूखा या अन्य प्राकृतिक परिस्थितियां उत्पन्न होती हैं तो तत्काल राहत और सहायता पहुंचाने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके साथ ही किसानों को मौसम संबंधी सटीक जानकारी उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया है ताकि वे अपनी खेती से जुड़े निर्णय समय पर ले सकें।

खरीफ फसलों में धान, मक्का, बाजरा, ज्वार और दलहन की बुवाई का समय बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। ऐसे में मुख्यमंत्री ने बीज, उर्वरक और सिंचाई सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी जिले में किसानों को खाद या बीज की कमी का सामना नहीं करना चाहिए। आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति पर विशेष निगरानी रखने के लिए अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है।

ऊर्जा विभाग को भी निर्देश दिए गए हैं कि ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति सुचारु बनी रहे। कृषि कार्यों के दौरान किसानों को पर्याप्त बिजली मिलना आवश्यक है ताकि सिंचाई संबंधी कार्य प्रभावित न हों। इसके अलावा नहरों और अन्य सिंचाई परियोजनाओं की स्थिति की समीक्षा कर उन्हें पूरी क्षमता से संचालित करने को कहा गया है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों से कहा कि फसलों को किसी भी प्रकार की क्षति होने की स्थिति में सर्वेक्षण कार्य तेजी से पूरा किया जाए और पात्र किसानों को निर्धारित नियमों के अनुसार सहायता प्रदान की जाए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसानों की समस्याओं के समाधान में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

राज्य सरकार का उद्देश्य है कि मौसम की चुनौतियों के बावजूद किसानों को बेहतर उत्पादन प्राप्त हो और उनकी आय प्रभावित न हो। विशेषज्ञों का मानना है कि समय रहते की गई तैयारियां और विभागों के बीच बेहतर समन्वय खरीफ सीजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां तेज हो गई हैं और विभिन्न विभाग अपनी योजनाओं को अंतिम रूप देने में जुट गए हैं।