Jasprit Bumrah: अजीत अगरकर (Ajit Agarkar) की अगुवाई में आज आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के अलावा एशियन गेम्स 2026 (Asian Games 2026) के लिए भारतीय टीम (Team India) का ऐलान कर दिया गया है. हैरान करने वाली बात ये है कि भारतीय टीम के तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह (Jasprit Bumrah) को आयरलैंड और इंग्लैंड (England Cricket Team) के खिलाफ टी20 सीरीज से बाहर रखा गया है, वहीं एशियन गेम्स में उन्हें मौका दिया गया है.
जसप्रीत बुमराह (Jasprit Bumrah) को अफगानिस्तान के खिलाफ टेस्ट मैच से भी दूर रखा गया है, अब भारतीय टीम के मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर ने इसके पीछे की वजह बताई है.
Jasprit Bumrah को लेकर है ये खबर
रिपोर्ट्स की मानें तो जसप्रीत बुमराह (Jasprit Bumrah) को सेलेक्टर्स और टीम मैनेजमेंट आने वाले साल भर में टेस्ट और वनडे के लिए चाहता है. ऐसे में उन्हें लगातार टी20 में नहीं खिलाया जाएगा. जिन सीरीज और इवेंट को जरूरी समझा जाएगा वहां पर उन्हें खिलाया जा सकता है. भारत को मार्च तक कुल नौ टेस्ट खेलने हैं.
इनके जरिए जून में होने वाले वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल का फैसला होगा. अगर भारत आठ टेस्ट जीत जाता है तो वह तीसरी बार खिताबी मुकाबले में जा सकता है. जसप्रीत बुमराह के वर्कलोड को मैनेज करने के लिए उन्हें अभी टी20 सीरीज से दूर रखा जा रहा है, वहीं अगले साल भारत को वनडे विश्व कप खेलना है, जिसमे जसप्रीत बुमराह का होना बेहद जरूरी है.
अजीत अगरकर ने बताया जसप्रीत बुमराह को मौका न देने की वजह
भारत को साल 2026 में 17 वनडे खेलने हैं. इन सबमें बुमराह को लिया जा सकता है. अगरकर ने बुमराह को आयरलैंड व इंग्लैंड के साथ टी20 सीरीज के लिए नहीं चुनने पर कहा कि उन्हें लंबे फॉर्मेट में ज्यादा खिलाया जाएगा.
भारतीय टीम के मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर ने कहा कि
“हमें पता है कि वह कितना अहम है. जिस तरह से पिछले वर्ल्ड कप से पहले टी20 खिलाए उसी तरह से अब वनडे वर्ल्ड कप की बारी है. साथ ही टेस्ट भी हैं. डब्ल्यूटीसी साइकल में अगर हम अगले नौ टेस्ट में अच्छा खेलते हैं अभी भी फाइनल में जा सकते हैं. अगर हम उनमें से ज्यादा मैचों में जसप्रीत को खिलाते हैं और फिट व स्वस्थ रखते हैं तो यह अच्छा होगा.”
अजीत अगरकर ने जसप्रीत बुमराह को लेकर आगे कहा कि
“अभी काफी टी20 क्रिकेट होना है, आप हमेशा उन्हें वापस ला सकते हैं. एशियन गेम्स में वह होंगे. मुख्य लक्ष्य यह है कि उन्हें टेस्ट और वनडे के लिए फिट रखा जाए.”
