ICC : भारत और पाकिस्तान के बीच महिला एशिया कप 2026 का मुकाबला भले ही एकतरफा रहा हो, लेकिन मैच के दौरान पाकिस्तान की कप्तान फातिमा सना (Fatima Sana) का एक सेलिब्रेशन चर्चा में आ गया। भारतीय बल्लेबाज शेफाली वर्मा (Shafali Verma) को आउट करने के बाद फातिमा ने ऐसा सेंड-ऑफ दिया, जिस पर ICC ने कड़ा एक्शन लिया है। पाकिस्तान की कप्तान को ICC ने मैच फीस का 10 फीसदी जुर्माना लगाया है और उनके खाते में एक डिमेरिट पॉइंट भी जोड़ा गया है।
शेफाली को आउट करने के बाद क्या हुआ?
भारत की पारी के दूसरे ओवर में फातिमा सना ने शेफाली वर्मा को आउट किया। विकेट मिलने के बाद पाकिस्तान की कप्तान ने शेफाली की तरफ इशारा करते हुए आक्रामक अंदाज में सेंड-ऑफ दिया। ICC ने इस व्यवहार को खिलाड़ियों की आचार संहिता के लेवल-1 उल्लंघन के तहत माना। फातिमा पर ICC Code of Conduct के Article 2.5 के तहत कार्रवाई हुई।
यह नियम ऐसे शब्दों, हरकतों या इशारों से जुड़ा है जो आउट होने वाले बल्लेबाज को अपमानित कर सकते हैं या उसकी तरफ से आक्रामक प्रतिक्रिया को उकसा सकते हैं। फातिमा ने अपनी गलती स्वीकार कर ली और ICC द्वारा प्रस्तावित सजा को मान लिया। इसी वजह से इस मामले में औपचारिक सुनवाई की जरूरत नहीं पड़ी।
दूसरी बार हुई गलती, अब बढ़ा बैन का खतरा
फातिमा सना के लिए यह मामला इसलिए भी गंभीर है क्योंकि पिछले 24 महीनों में यह उनका दूसरा आचार संहिता उल्लंघन है। नए डिमेरिट पॉइंट के साथ उनके खाते में इस अवधि के दौरान कुल दो डिमेरिट पॉइंट हो गए हैं।
लेवल-1 उल्लंघन के लिए ICC के नियमों में आधिकारिक फटकार से लेकर खिलाड़ी की मैच फीस के 50 फीसदी तक जुर्माने और एक या दो डिमेरिट पॉइंट की सजा का प्रावधान है। चार या उससे ज्यादा डिमेरिट पॉइंट होने पर उन्हें सस्पेंशन पॉइंट में बदला जा सकता है।
भारत ने पाकिस्तान को 7 विकेट से हराया
मैच की बात करें तो भारत ने पाकिस्तान को सिर्फ 55 रन पर ऑलआउट कर दिया था। भारत की ओर से श्री चरणी (Shree Charani) और प्रेमा रावत (Prema Rawat) ने शानदार गेंदबाजी करते हुए तीन-तीन विकेट लिए। जवाब में भारत ने 56 रन का लक्ष्य महज 8.4 ओवर में तीन विकेट खोकर हासिल कर लिया और पाकिस्तान को 7 विकेट से करारी शिकस्त दी।
फातिमा सना ने गेंद से भारत के तीन विकेट जरूर लिए, लेकिन उनकी टीम मुकाबला नहीं बचा सकी। इस तरह भारत के खिलाफ मुकाबले में फातिमा सना का आक्रामक सेंड-ऑफ उन्हें भारी पड़ गया और अब ICC की सजा उनके अनुशासनात्मक रिकॉर्ड में भी दर्ज हो चुकी है।
