Yashasvi Jaiswal: 23 अगस्त 2026 से भारतीय क्रिकेट टीम (Team India) और श्रीलंका (Sri Lanka Cricket Team) के बीच कोलंबो में दूसरा टेस्ट मैच खेला जा रहा है. इस सीरीज के पहले मुकाबले में भारतीय टीम ने बेहतरीन जीत हासिल की थी, वहीं दूसरे मुकाबले में टीम ने टॉस जीकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया था, लेकिन दूसरे मैच के पहले ही दिन भारतीय टीम के ओपनर बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल (Yashasvi Jaiswal) और श्रीलंका के गेंदबाज असिथा फर्नांडों के बीच बवाल हो गया।
दोनों खिलाड़ियों के बीच हुई बहस के बाद अब जयसवाल पर ICC के फैसले का खतरा मंडरा रहा है। तो आइए आपको हम आपको इस मामले के बारे में पूरी जानकारी देते है और बताते हैं कि जायसवाल की इस हरकत के बाद ICC उन पर क्या एक्शन ले सकती है।
17वें ओवर में हुई दोनों के बीच बहस
भारतीय टीम के खिलाड़ी यशस्वी जायसावाल (Yashasvi Jaiswal) के साथ यह घटना तब हुई जब वह श्रीलंका के गेंदबाद के द्वारा 17वें ओवर कि आखिरी गेंद पर 45 रन बनाकर आउट होकर पवेलियन कि ओर वापस जा रहे थे।
दरअसल जब जायसवाल आउट होने के बाद पवेलियन कि ओर जा रहे थे, तो श्रीलंका के गेंदबाज़ असिथा ने कुछ ऐसा बोल दिया जिससे यशस्वी जायसवाल सहन नहीं कर सके और वापस जाकर असिथा से भिड़ गए, जिसके बाद श्रीलंका के कप्तान ने आकर मामले को शांत करने कि कोशिश की।
मैच में बवाल को लेकर क्या है ICC का नियम
कोलंबो में हुए इस बवाल के बाद ICC के नियमों कि बात करें तो किसी भी इंटरनेशनल मैच के दौरान और किसी भी खिलाड़ी के द्वारा शारीरिक हिंसा करना या फिर जानबूझकर किसी भी खिलाड़ी के साथ कोई दुर्व्यवहार किया जाता है, तो ऐसे में वह ICC ने नियमों के आधार पर एक बड़ा अपराध माना जाता है। इसी के साथ ही मामले कि जांच करने के बाद अगर पूरी घटना लेवल-4 के दायरे में आ जाती है।
तो ऐसे में ICC के द्वारा दुर्व्यवहार और शारीरिक हिंसा करने वाले खिलाड़ी पर सख्त एक्शन लिया जा सकता है, जिसके तहत अपराधी खिलाड़ी को 5 मैच या फिर 10 ODI मैचों के लिए सस्पेंशन या फिर उसे आजीवन क्रिकेट से बैन किया जा सकता है, इस पूरे मामले के बाद अभी ICC के द्वारा यह ऐलान नहीं किया कि जयसवाल को किस स्तर कि सजा दी जाने वाली है।
2022 में भी विवादों के घेरे में आए थे Yashasvi Jaiswal
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि यह पहली बार नहीं है जब भारतीय टीम के ओपनर और विस्फोटक बल्लेबाज पहले भी ऐसे मामलों के घेरे में आए हैं, इससे पहले साल 2022 में भी यशस्वी जायसवाल (Yashasvi Jaiswal) दलीप ट्रॉफी के फाइनल मुकाबले में भी साउथ जोन के खिलाड़ी टी. रवि के साथ बहस कर दी थी जिसके बाद अंपायर के द्वारा जयसवाल को चेतावनी दी गई थी।
इस बीच अजिंक्य रहाणे ने यशस्वी जायसवाल (Yashasvi Jaiswal) का बचाव करके उन्हें ड्रेसिंग रुप में भेज दिया था। अब एक बार फिर से कोलंबों में यह मामला आग पकड़ा हुआ नजर आ रहा है अब देखना होगा क्या ICC जयसवाल को सजा देती है।
