उत्तर प्रदेश के किसानों और टैक्सी चालकों के लिए बुधवार को दो महत्वपूर्ण योजनाओं की शुरुआत हुई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना और भारत टैक्सी सेवा का शुभारंभ किया। कार्यक्रम के दौरान किसानों को सस्ते कृषि ऋण की सुविधा देने के साथ सहकारी क्षेत्र आधारित कैब सेवा को भी बढ़ावा देने की पहल की गई। मुख्यमंत्री ने कृषक समृद्धि योजना के लाभार्थियों को ऋण स्वीकृति पत्र भी वितरित किए।
उत्तर प्रदेश के किसानों को 6 लाख रुपये तक का कर्ज
मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना के तहत उत्तर प्रदेश के लघु और सीमांत किसानों को दीर्घकालीन कृषि ऋण उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। योजना में किसानों को अधिकतम 6 लाख रुपये तक का ऋण 6 प्रतिशत ब्याज दर पर मिल सकेगा।
इसके लिए सरकार ने 384 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं और पांच वर्षों में करीब पांच लाख किसानों को योजना से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है।
समय पर भुगतान करने पर ब्याज अनुदान
योजना में समय पर ऋण की किस्त चुकाने वाले किसानों के लिए ब्याज पर अनुदान का प्रावधान बताया गया है। इसका उद्देश्य किसानों को कृषि जरूरतों के लिए अपेक्षाकृत कम लागत पर वित्तीय सहायता उपलब्ध कराना है। योजना का संचालन उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक लिमिटेड के माध्यम से किया जाएगा।
ई-पोर्टल से आवेदन की सुविधा
मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना के लिए ई-पोर्टल भी लॉन्च किया गया। ऑनलाइन व्यवस्था के माध्यम से किसान योजना से संबंधित जानकारी और आवेदन प्रक्रिया पूरी कर सकेंगे।
आवेदन में किसान की व्यक्तिगत जानकारी के साथ बैंक और भूमि संबंधी दस्तावेजों की जरूरत होगी। सरकार की ओर से योजना को डिजिटल माध्यम से जोड़ने का उद्देश्य प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित बनाना है।
भारत टैक्सी सेवा की भी शुरुआत
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने भारत टैक्सी सेवा भी शुरू की। यह सहकारी मॉडल पर आधारित कैब सेवा है, जिसमें वाहन चालकों को ‘सारथी’ के रूप में जोड़ा जाता है। NDTV के मुताबिक उत्तर प्रदेश में इस सेवा से करीब 50 हजार टैक्सी चालक जुड़े हैं, जिनमें लगभग 40 हजार लखनऊ से हैं।
ड्राइवरों के लिए बीमा और सहकारी मॉडल
भारत टैक्सी के तहत ड्राइवरों को 5 लाख रुपये तक के बीमा लाभ की जानकारी दी गई है। सेवा में ड्राइवरों से प्लेटफॉर्म कमीशन नहीं लेने का मॉडल बताया गया है। इसके अलावा ड्राइवरों को सहकारी व्यवस्था के माध्यम से सेवा से जोड़ने की योजना है। भारत टैक्सी में कैब के साथ बाइक और ऑटो जैसी सेवाओं को भी शामिल किया जा रहा है।
कई डिजिटल सेवाओं का शुभारंभ
कार्यक्रम में कृषक समृद्धि योजना के ई-पोर्टल के अलावा सहकारिता विभाग के ‘उर्वरक सेतु’ मोबाइल एप और उत्तर प्रदेश कोऑपरेटिव डेटाबेस सेंटर के मोबाइल एप को भी लॉन्च किया गया। साथ ही एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया, लखनऊ मेट्रो रेल, लखनऊ पुलिस और भारत टैक्सी के बीच समझौता भी किया गया।
