उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को लखनऊ के लोकभवन में आयोजित छात्रवृत्ति वितरण कार्यक्रम में 4.60 लाख से अधिक विद्यार्थियों के खातों में छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति की राशि भेजी। इस दौरान मुख्यमंत्री ने सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के अध्यक्ष और कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर को लेकर मजाकिया अंदाज में टिप्पणी भी की।
ओपी राजभर को लेकर कही ये बात
सीएम योगी ने कहा कि अगर ओम प्रकाश राजभर को उनके समय में छात्रवृत्ति मिलती तो वह भी विद्यार्थियों की तरह पढ़ाई में आगे बढ़ते और शायद नेता नहीं बनते। मुख्यमंत्री ने उनके संघर्ष का उल्लेख करते हुए कहा कि आर्थिक और शैक्षिक सुविधाओं की कमी के बावजूद राजभर ने मेहनत की और लंबे समय तक जनता की आवाज उठाते रहे।
संघर्ष और मेहनत का किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में बताया कि ओपी राजभर ने राजनीति में आने से पहले कई तरह के काम किए और संघर्ष किया। उन्होंने कहा कि व्यक्ति जहां भी मेहनत करता है, वहां उसके प्रयास का परिणाम मिलता है। राजभर के राजनीतिक सफर का उदाहरण देते हुए मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों को शिक्षा और परिश्रम के महत्व का संदेश दिया। ये बातें मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में दिए गए संबोधन का हिस्सा थीं।
4.60 लाख विद्यार्थियों को मिला लाभ
कार्यक्रम के दौरान 4,60,559 छात्र-छात्राओं के बैंक खातों में कुल 148.04 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति की राशि डीबीटी के माध्यम से भेजी गई। मुख्यमंत्री ने मंच पर 11 विद्यार्थियों को अपने हाथों से छात्रवृत्ति प्रमाणपत्र भी प्रदान किए।
ओबीसी और एससी विद्यार्थियों को बड़ी राशि
इस चरण में अन्य पिछड़ा वर्ग के 2,23,615 विद्यार्थियों के खातों में 60.01 करोड़ रुपये भेजे गए। अनुसूचित जाति के 1,59,959 विद्यार्थियों को 64.54 करोड़ रुपये मिले। सामान्य वर्ग के 38,084 विद्यार्थियों को 11.43 करोड़ रुपये और अल्पसंख्यक वर्ग के 38,901 विद्यार्थियों को 12.06 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति दी गई।
पढ़ाई में आर्थिक मदद पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि आर्थिक अभाव के कारण किसी विद्यार्थी की पढ़ाई नहीं छूटनी चाहिए। सरकार ने छात्रवृत्ति आवेदन और भुगतान की प्रक्रिया को ऑनलाइन तथा आधार आधारित प्रत्यक्ष भुगतान व्यवस्था से जोड़ने पर जोर दिया है। इससे पात्र विद्यार्थियों तक राशि सीधे बैंक खातों में पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।
पिछले साल भी लाखों छात्रों को लाभ
सरकार के अनुसार वित्तीय वर्ष 2025-26 में 65.95 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं को 4,793 करोड़ रुपये से अधिक की छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति दी गई। सरकार का कहना है कि डिजिटल व्यवस्था के जरिए प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने का प्रयास किया गया है।
बेटियों को स्कूटी देने की घोषणा
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने अगले महीने 50 हजार बेटियों को स्कूटी वितरित किए जाने की भी घोषणा की। इसके अलावा विद्यार्थियों के लिए टैबलेट वितरण से जुड़ी योजना का भी उल्लेख किया गया। कार्यक्रम का मुख्य फोकस विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने और शिक्षा जारी रखने में मदद करने पर रहा।
