बिहार के निर्दलीय सांसद पप्पू यादव पर दिल्ली में हुई कथित हमले की घटना के बाद मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। इस प्रकरण में उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर निवासी सुमित गिरि और हैप्पी शर्मा के नाम सामने आए हैं। अब इस मामले ने नया मोड़ तब लिया, जब सुमित गिरि की मां का भावुक वीडियो सामने आया।
वीडियो में उन्होंने अपने बेटे को निर्दोष बताते हुए उसकी सुरक्षित रिहाई की अपील की। उनका कहना है कि परिवार को इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी मीडिया के माध्यम से मिली और उन्हें अब भी विश्वास नहीं हो रहा कि उनके बेटे का नाम इस मामले में कैसे आया।
मां बोलीं- ऑफिस जाने की बात कहकर निकला था बेटा
सुमित गिरि की मां ने कहा कि उनका बेटा रविवार दोपहर घर से लंच बॉक्स लेकर यह कहकर निकला था कि वह ऑफिस जा रहा है। परिवार को बाद में मीडिया में तस्वीरें देखने के बाद पता चला कि वह दिल्ली में मौजूद था। उन्होंने कहा कि उनके बेटे पर हत्या की साजिश जैसे गंभीर आरोप पूरी तरह निराधार हैं।
मां ने भावुक होकर प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि यदि बेटा निर्दोष है तो उसे जल्द रिहा किया जाए। उनका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और लोग इस पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।
पप्पू यादव पर हमला करने वाले दूसरे आरोपी ने भी दी अपनी सफाई
मामले के दूसरे आरोपी हैप्पी शर्मा का भी एक वीडियो सामने आया है। उसमें उन्होंने दावा किया कि वे साधु-संतों के समर्थन में दिल्ली पहुंचे थे और पप्पू यादव से कुछ सवाल पूछना चाहते थे। उनका आरोप है कि सवाल पूछने के दौरान सांसद के समर्थकों ने उनके साथ मारपीट की।
वहीं दूसरी ओर घटना के दौरान पप्पू यादव की प्रेस वार्ता में हंगामा हुआ, जिसमें कथित तौर पर एक व्यक्ति ने चप्पल फेंकी और दूसरे के पास चाकू होने की बात भी सामने आई। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और सभी तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की बात कह रही है।
जांच जारी, अंतिम सच का इंतजार
फिलहाल दिल्ली पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच में जुटी हुई है। घटना के पीछे की मंशा, आरोपियों की भूमिका और सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है। अभी तक मामले में किसी अदालत द्वारा दोष तय नहीं किया गया है और जांच जारी है।
ऐसे में आरोपी पक्ष और शिकायतकर्ता दोनों के दावों की पुष्टि जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही हो सकेगी। इस बीच आरोपी की मां की भावुक अपील ने मामले को मानवीय पहलू से भी जोड़ दिया है। अब सभी की नजर पुलिस जांच और आगे की न्यायिक प्रक्रिया पर टिकी है, जिससे इस पूरे मामले की वास्तविक तस्वीर सामने आ सके।
