बॉलीवुड के मशहूर अभिनेता संजय दत्त हाल ही में उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात करने पहुंचे। इस मुलाकात को लेकर उन्होंने अपनी खुशी और अनुभव को सोशल मीडिया पर भी साझा किया, जिससे उनके फैंस और नेटिज़न खासा उत्साहित हैं।
लखनऊ में संजय दत्त और CM योगी की मुलाकात
संजय दत्त ने सोमवार को लखनऊ में सीएम योगी आदित्यनाथ से भेंट की और तस्वीरें सोशल प्लेटफ़ॉर्म पर शेयर कीं। उन्होंने इंस्टाग्राम और एक्स (पहले ट्विटर) पर साझा की गई फोटो में लिखा कि मुख्यमंत्री से मिलकर उन्हें बहुत अच्छा लगा तथा उनके आशीर्वाद और सकारात्मक बातचीत के लिए उन्होंने धन्यवाद किया। यह मुलाकात दोनों के बीच दोस्ताना माहौल में हुई, जहाँ दोनों एक दूसरे के साथ हँसते और हाथ मिलाते दिखे।
संजय दत्त की मुलाकात को लेकर फैंस ने सोशल मीडिया पर भी प्रतिक्रियाएँ दी हैं और इस खास पलों को “एक बेहतरीन पल” बताया है। कलाकार ने लिखा कि यह उनका सौभाग्य है कि उन्हें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलने का अवसर मिला।
लखनऊ रोड शो और ‘जय श्री राम’ के नारे
मुलाकात से पहले संजय दत्त लखनऊ में एक खास रोड शो में शामिल हुए थे, जहाँ उन्होंने लोगों से पर्यावरण संरक्षण जैसे मुद्दों पर बात की। इस रोड शो का आयोजन भाजपा विधायक राजेश्वर सिंह के नेतृत्व में ‘नेट जीरो 2040’ अभियान के तहत किया गया, जिसका उद्देश्य युवाओं को पर्यावरण के प्रति जागरूक करना है।
रोड शो के दौरान संजय दत्त एक किलोमीटर तक जनता के बीच से गुज़रते हुए आए और उनके स्वागत में फूलों की वर्षा भी की गई। इस अवसर पर वहाँ भारी भीड़ मौजूद थी जिसमें बूढ़े-बच्चे और युवा भी शामिल थे। लोग अभिनेता की झलक पाने के लिए उमड़े, और इस दौरान समूह के कुछ लोगों ने “जय श्री राम” के नारे भी लगाए।
इन नारों का उपयोग धार्मिक और सांस्कृतिक संदेश के रूप में किया जाता है, जो हिन्दू समुदाय में Lord Rama के सम्मान और आस्था को दर्शाता है। यह अभिव्यक्ति भारत में विशेष अवसरों और समारोहों में आमतौर पर सुनने को मिलती है।
पर्यावरण और सामाजिक संदेश
संजय दत्त ने रोड शो के दौरान युवाओं से विशेष रूप से अपील की कि वे पेड़ लगाएँ और पानी बचाएँ — यह संदेश उन्होंने जनता के बीच पहुँचाया, ताकि पर्यावरण संरक्षण के कार्यों को बढ़ावा मिले।
उनका मानना है कि व्यक्ति के जीवन में पर्यावरण की भूमिका अहम है, और यदि युवा इस दिशा में कदम बढ़ाएँ तो आने वाली पीढ़ियाँ एक बेहतर भविष्य पा सकती हैं। इस गतिविधि ने मनोरंजन की दुनिया को सामाजिक मुद्दों से जोड़ने की कोशिश की, जिससे कलाकार और जनता के बीच एक सकारात्मक संवाद स्थापित हुआ।
