उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राजस्थान के चित्तौड़गढ़ में आयोजित जौहर श्रद्धांजलि समारोह में भाग लेकर वीरांगनाओं को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने चित्तौड़गढ़ की वीरता और इतिहास को याद करते हुए कहा कि यह भूमि भारत के स्वाभिमान और साहस का प्रतीक है। कार्यक्रम में कई जनप्रतिनिधि, संत-महात्मा और हजारों लोग मौजूद रहे।
सीएम योगी ने कहा कि चित्तौड़गढ़ का किला केवल पत्थरों का ढांचा नहीं है, बल्कि यह भारत की अस्मिता और सम्मान का प्रतीक है। उन्होंने जौहर करने वाली वीरांगनाओं के साहस को नमन करते हुए कहा कि इतिहास की ये घटनाएं आज भी देशवासियों को आत्मसम्मान और त्याग की प्रेरणा देती हैं।
जातिवाद की राजनीति पर तीखा हमला
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जातिवाद की राजनीति पर कड़ा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि जो लोग समाज के लिए सकारात्मक कार्य नहीं कर पाते, वे जाति के नाम पर समाज को बांटने का प्रयास करते हैं। ऐसी राजनीति देश की नींव को कमजोर करती है और समाज में विभाजन पैदा करती है।
उन्होंने कहा कि इतिहास में जब-जब समाज बंटा है, तब-तब देश कमजोर हुआ है। इसलिए आज आवश्यकता है कि लोग जाति और संकीर्ण राजनीति से ऊपर उठकर राष्ट्रीय एकता को मजबूत करें। योगी ने लोगों से अपील की कि वे विभाजनकारी राजनीति से सावधान रहें और राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखें।
इतिहास के वीर नायकों को किया याद
मुख्यमंत्री ने अपने भाषण में महाराणा प्रताप, महाराणा सांगा, छत्रपति शिवाजी महाराज और गुरु गोविंद सिंह जैसे महान राष्ट्रनायकों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इन महान विभूतियों ने अपने परिवार या सत्ता के लिए नहीं बल्कि देश और धर्म की रक्षा के लिए संघर्ष किया।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि चित्तौड़गढ़ की धरती पर 1303, 1535 और 1568 में हुए जौहर की घटनाएं भारतीय इतिहास में नारी सम्मान और आत्मसम्मान की मिसाल हैं। उन्होंने महारानी पद्मिनी और अन्य वीरांगनाओं के बलिदान को याद करते हुए कहा कि उनका साहस आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता रहेगा।
राम मंदिर और सांस्कृतिक विरासत का उल्लेख
सीएम योगी ने अपने संबोधन में अयोध्या में बने राम मंदिर को भारत की सांस्कृतिक चेतना का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि देश की सांस्कृतिक विरासत और सनातन परंपरा समाज को जोड़ने का काम करती है।
अंत में उन्होंने कहा कि भारत की शक्ति उसकी एकता और सांस्कृतिक मूल्यों में है। यदि समाज एकजुट रहेगा तो देश तेजी से विकास करेगा और दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाएगा।
