बिहार को पूर्वी भारत का प्रमुख औद्योगिक केंद्र बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए डोभी प्रखंड में लगभग 1,670 एकड़ में विकसित हो रही ‘बिहार इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग सिटी गया लिमिटेड’ (BIMCGL) का औपचारिक मेगा लॉन्च किया गया। इस परियोजना के शुभारंभ के साथ ही उद्यमियों और निवेशकों के लिए भूमि आवंटन (Land Allocation) की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
200 से अधिक उद्योगपति और निवेशक पहुंचे
बोधगया में आयोजित इस भव्य सम्मेलन में देश भर से 200 से अधिक प्रमुख उद्योगपति, निवेशक और प्रतिनिधि शामिल हुए। इस अवसर पर कई प्रमुख औद्योगिक इकाइयों के साथ समझौता ज्ञापनों (MoU) का औपचारिक आदान-प्रदान भी किया गया। इसका मुख्य लक्ष्य डोभी इंडस्ट्रियल कॉरिडोर में नई मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स स्थापित कर राज्य में बड़े पैमाने पर पूंजी निवेश लाना और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करना है।
डोभी कॉरिडोर: बिहार का ‘ग्रेटर नोएडा’
अमृतसर-कोलकाता औद्योगिक कॉरिडोर (AKIC) के तहत विकसित किया जा रहा डोभी इंडस्ट्रियल नोड निवेशकों के लिए खास आकर्षण का केंद्र बन रहा है:
मजबूत कनेक्टिविटी: जीटी रोड (NH-19) और फोरलेन हाईवे से सीधा जुड़ाव, जिससे कच्चा माल मंगाना और तैयार उत्पाद बंदरगाहों तक पहुंचाना आसान होगा।
बुनियादी ढांचा: उद्योगों के लिए 24 घंटे निर्बाध बिजली आपूर्ति हेतु समर्पित पावर सब-स्टेशन और जल आपूर्ति नेटवर्क की व्यवस्था।
सिंगल विंडो क्लीयरेंस: निवेश प्रक्रिया को पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए लाइसेंस और स्वीकृतियों की तेज व्यवस्था।
मेगा ग्लोबल समिट की जमीन तैयार
प्रशासन के अनुसार, यह आयोजन भविष्य में आयोजित होने वाले बड़े ‘बिहार बिजनेस ग्लोबल समिट’ के लिए जमीन तैयार करने जैसा है। इसके जरिए राज्य को विनिर्माण और लॉजिस्टिक्स के क्षेत्र में ‘ब्रांड बिहार’ के रूप में स्थापित करने का खाका तैयार किया जा रहा है।
