उत्तर प्रदेश की राजनीति के प्रमुख नेताओं में शुमार रहे समाजवादी पार्टी के संस्थापक और पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव की पुण्यतिथि पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ समेत कई नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर नेताओं ने उनके राजनीतिक योगदान, सार्वजनिक जीवन और देश की सेवा को याद किया। मुलायम सिंह यादव को उत्तर प्रदेश की राजनीति में ‘नेताजी’ के नाम से जाना जाता था। उनका निधन 10 अक्टूबर 2022 को हुआ था। आज उनकी चौथी पुण्यतिथि पर उन्हें याद करते हुए विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं और समर्थकों ने उनके प्रति सम्मान व्यक्त किया।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने नेताजी को दी श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मुलायम सिंह यादव की पुण्यतिथि पर उन्हें नमन किया। उन्होंने अपने संदेश में मुलायम सिंह यादव को देश के पूर्व रक्षा मंत्री, उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और पद्म विभूषण से सम्मानित नेता के रूप में याद किया। मुख्यमंत्री की ओर से दी गई श्रद्धांजलि ने प्रदेश की राजनीति में मुलायम सिंह यादव के लंबे सार्वजनिक जीवन और योगदान को फिर से चर्चा में ला दिया।
मुलायम सिंह यादव भारतीय राजनीति के उन नेताओं में शामिल रहे, जिन्होंने उत्तर प्रदेश की राजनीति को लंबे समय तक प्रभावित किया। उन्होंने समाजवादी विचारधारा को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और समाजवादी पार्टी की स्थापना कर प्रदेश में एक मजबूत राजनीतिक आधार तैयार किया। उनके राजनीतिक सफर में कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां शामिल रहीं।
मुलायम सिंह यादव तीन बार उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बने। इसके अलावा उन्होंने केंद्र सरकार में रक्षा मंत्री की जिम्मेदारी भी संभाली। उनके कार्यकाल और राजनीतिक फैसलों को लेकर अलग-अलग विचार रहे, लेकिन प्रदेश की राजनीति में उनके प्रभाव को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
सैफई में अखिलेश यादव समेत नेताओं ने किया याद
मुलायम सिंह यादव की पुण्यतिथि पर उनके पैतृक गांव सैफई में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव सहित पार्टी के वरिष्ठ नेताओं, जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं के कार्यक्रम में शामिल होने की जानकारी सामने आई। इस अवसर पर नेताजी की समाधि पर पुष्प अर्पित कर उन्हें याद किया गया।
समाजवादी पार्टी के लिए यह दिन विशेष महत्व रखता है, क्योंकि मुलायम सिंह यादव ने पार्टी की नींव रखी और उसे प्रदेश की प्रमुख राजनीतिक शक्तियों में शामिल करने में अहम भूमिका निभाई। उनके नेतृत्व में पार्टी ने कई चुनावी सफलताएं हासिल कीं और राष्ट्रीय राजनीति में भी अपनी पहचान बनाई।
मुलायम सिंह यादव को वर्ष 2023 में मरणोपरांत पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था। यह देश का दूसरा सर्वोच्च नागरिक सम्मान है। उनके समर्थक आज भी उन्हें सामाजिक न्याय और समाजवादी राजनीति से जुड़े नेता के रूप में याद करते हैं।
उनकी पुण्यतिथि पर दी गई श्रद्धांजलियां यह दर्शाती हैं कि मुलायम सिंह यादव की राजनीतिक विरासत आज भी उत्तर प्रदेश के सार्वजनिक जीवन में महत्वपूर्ण स्थान रखती है। उनके विचारों, फैसलों और योगदान पर राजनीतिक चर्चा आगे भी जारी रहने की संभावना है।
