गोरखपुर में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनता दर्शन में एक बार फिर बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। मुख्यमंत्री ने फरियादियों के बीच जाकर उनकी शिकायतें सुनीं और संबंधित अधिकारियों को समाधान के निर्देश दिए।
खासतौर पर गंभीर बीमारियों से जूझ रहे लोगों के इलाज को लेकर सीएम योगी ने भरोसा दिलाया कि आर्थिक परेशानी के कारण किसी जरूरतमंद का इलाज नहीं रुकने दिया जाएगा।
CM योगी ने दिया इलाज के लिए आर्थिक मदद का भरोसा
जनता दर्शन में कई लोग गंभीर बीमारी के इलाज के लिए आर्थिक सहायता की मांग लेकर पहुंचे। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से मरीजों की स्थिति और इलाज से जुड़ी जानकारी ली।
उन्होंने निर्देश दिया कि जरूरतमंद मरीजों के उपचार का मेडिकल एस्टीमेट जल्द तैयार कराया जाए, ताकि सहायता की प्रक्रिया में अनावश्यक देरी न हो। जरूरत पड़ने पर मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से भी मदद उपलब्ध कराने की बात कही गई।
आयुष्मान कार्ड बनवाने के निर्देश
सीएम योगी ने पात्र लोगों को आयुष्मान भारत योजना का लाभ दिलाने पर भी जोर दिया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि जिन जरूरतमंद परिवारों के पास आयुष्मान कार्ड नहीं है, उनकी पात्रता की जांच कर कार्ड बनवाने की प्रक्रिया पूरी की जाए।
इससे गंभीर बीमारियों के इलाज में आर्थिक बोझ कम करने में मदद मिल सकती है। गोरखपुर जिला प्रशासन की ओर से भी आयुष्मान कार्ड धारकों की ब्लॉकवार सूची उपलब्ध कराई गई है।
अधिकारियों को संवेदनशीलता के साथ काम करने के निर्देश
जनता दर्शन के दौरान मुख्यमंत्री ने लोगों की शिकायतें सुनकर उन्हें संबंधित विभागों के अधिकारियों तक भेजा। उन्होंने अधिकारियों को समस्याओं का समयबद्ध, निष्पक्ष और प्रभावी समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जमीन कब्जे और कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में भी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
गोरखपुर में जनता दर्शन के जरिए मुख्यमंत्री सीधे फरियादियों से संवाद करते रहे हैं। इससे पहले भी ऐसे कार्यक्रमों में उन्होंने आवास, इलाज और अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं से जुड़ी समस्याओं के समाधान का भरोसा दिया है।
इस बीच स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर मुख्यमंत्री ने 16 सितंबर को गोरखपुर में कहा कि प्रदेश के सभी जिला अस्पतालों में 10-10 बेड की डायलिसिस यूनिट शुरू करने की दिशा में काम किया जा रहा है।
