केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के संसद में छात्रों से जुड़े मुद्दे पर जवाब देने की तैयारी के बीच उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला है। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस से संसद की कार्यवाही में सहयोग करने और गृह मंत्री के जवाब का सामना करने की अपील की। योगी का यह बयान ऐसे समय आया है, जब छात्रों से जुड़े विवाद को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच संसद में तनाव बना हुआ है।
‘अमित शाह जवाब देने के लिए तैयार हैं’
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह छात्रों के मुद्दे पर संसद में जवाब देने के लिए तैयार हैं। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष को लोकतांत्रिक मंच पर सवाल पूछने के बाद सरकार का जवाब भी सुनना चाहिए। उन्होंने राहुल गांधी से संसद की कार्यवाही से पीछे नहीं हटने की बात कही। मुख्यमंत्री के बयान को भाजपा की ओर से कांग्रेस के खिलाफ जारी राजनीतिक हमले की कड़ी माना जा रहा है।
राहुल गांधी लगातार उठा रहे हैं छात्रों का मुद्दा
दूसरी ओर कांग्रेस नेता राहुल गांधी छात्रों से जुड़े मामले को लेकर केंद्र सरकार और गृह मंत्री अमित शाह पर लगातार सवाल उठा रहे हैं। राहुल गांधी ने प्रदर्शन कर रहे छात्रों के साथ कथित पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार से जवाबदेही की मांग की है। उन्होंने कहा है कि छात्रों के अधिकारों और उनके साथ हुए व्यवहार को लेकर सरकार को जवाब देना होगा। इसी मुद्दे को लेकर विपक्ष संसद में सरकार को घेरने की कोशिश कर रहा है।
संसद में आमने-सामने सत्ता पक्ष और विपक्ष
छात्रों के प्रदर्शन और उससे जुड़े घटनाक्रम ने संसद की कार्यवाही को भी प्रभावित किया है। विपक्ष की मांग है कि गृह मंत्री इस पूरे मामले पर सदन में स्पष्ट जवाब दें। वहीं भाजपा का कहना है कि संसद को सुचारु रूप से चलने दिया जाना चाहिए, ताकि सरकार संबंधित मुद्दों पर अपना पक्ष रख सके। भाजपा ने पहले भी कांग्रेस और विपक्ष से सदन की कार्यवाही बाधित न करने की अपील की है।
बयानबाजी से बढ़ा राजनीतिक टकराव
अमित शाह के जवाब देने की तैयारी के बीच योगी आदित्यनाथ का राहुल गांधी पर सीधा हमला राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उत्तर प्रदेश में भाजपा और कांग्रेस के बीच पहले से ही कई मुद्दों पर आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं। ऐसे में राष्ट्रीय स्तर पर चल रहे इस विवाद का असर प्रदेश की राजनीति में भी दिखाई दे रहा है। योगी ने कांग्रेस को यह संदेश देने की कोशिश की कि यदि विपक्ष सरकार से जवाब चाहता है तो उसे संसद में सरकार का पक्ष सुनने के लिए भी मौजूद रहना चाहिए।
2027 से पहले यूपी की सियासत में भी असर
उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियां धीरे-धीरे तेज हो रही हैं। भाजपा और विपक्षी दल अपने-अपने मुद्दों को जनता के बीच ले जाने में जुटे हैं। ऐसे में योगी आदित्यनाथ और राहुल गांधी के बीच होने वाली बयानबाजी का राजनीतिक महत्व बढ़ जाता है। छात्रों का मुद्दा आने वाले समय में राष्ट्रीय राजनीति के साथ-साथ युवाओं से जुड़े चुनावी विमर्श का हिस्सा बन सकता है। फिलहाल अमित शाह के संसद में जवाब और उसके बाद विपक्ष की प्रतिक्रिया पर सभी की नजर बनी हुई है।
