उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी (सपा) पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछली सरकार ने केवल अपने परिवार और करीबी लोगों का ही ध्यान रखा। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा शासन में गरीबों को आवास जैसी बुनियादी सुविधा तक नहीं मिल सकी।
योगी ने कहा कि उस समय योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने के बजाय पक्षपात किया गया। गरीब, दलित और वंचित वर्ग को योजनाओं से दूर रखा गया, जबकि सत्ता से जुड़े लोगों को प्राथमिकता दी गई।
आवास योजनाओं को लेकर योगी आदित्यनाथ सरकार का दावा
मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि 2017 के बाद प्रदेश में बड़े पैमाने पर गरीबों को आवास उपलब्ध कराए गए हैं। उन्होंने दावा किया कि अब योजनाओं का लाभ बिना भेदभाव के पात्र लोगों तक पहुंच रहा है।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लाखों गरीब परिवारों को पक्के घर दिए गए हैं, जिससे उनका जीवन स्तर बेहतर हुआ है। उन्होंने इसे “गरीब कल्याण” की दिशा में बड़ा कदम बताया।
“पहले भेदभाव, अब पारदर्शिता”: योगी आदित्यनाथ
अपने संबोधन में योगी ने कहा कि पहले योजनाओं में भ्रष्टाचार और भेदभाव हावी था, लेकिन अब पारदर्शिता के साथ काम किया जा रहा है। लाभार्थियों का चयन डिजिटल प्रक्रिया से किया जा रहा है, जिससे किसी प्रकार की गड़बड़ी की गुंजाइश कम हो गई है।
उन्होंने कहा कि अब सरकार का उद्देश्य है कि कोई भी पात्र व्यक्ति सरकारी योजनाओं से वंचित न रहे और हर जरूरतमंद तक सहायता पहुंचे।
गरीबों के सम्मानजनक जीवन पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य सिर्फ मकान देना नहीं, बल्कि गरीबों को सम्मानजनक जीवन देना है। पक्के घर के साथ-साथ बिजली, पानी और शौचालय जैसी सुविधाएं भी सुनिश्चित की जा रही हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि आवास योजनाएं केवल निर्माण कार्य नहीं, बल्कि सामाजिक बदलाव का माध्यम हैं, जो गरीबों को सुरक्षा और स्थिरता प्रदान करती हैं।
