युजवेंद्र चहल

इंडियन प्रीमियर लीग में युजवेंद्र चहल अपने पुराने रंग में वापस आते दिखाई दे रहे हैं। इस साल युजवेंद्र चहल राजस्थान रॉयल्स की पिंक जर्सी में नजर आ रहे हैं। युजवेंद्र चहल 2013 में मुंबई इंडियंस और 2014 से रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर का हिस्सा थे। युजवेंद्र चहल मस्ती मजाक करने के लिए भी जाने जाते हैं।

लेकिन राजस्थान रॉयल्स के एक वीडियो में जिसमें रविचंद्रन अश्विन और करुण नायर भी मौजूद है। एक बेहद डरावना और युजवेंद्र चहल की जान पर बनने वाला एक किस्सा शेयर किया है। जिसमें अगर युजवेंद्र चहल को वहां मौजूद लोग नहीं बचाते तो वो 15वी मंजिल की बालकनी से नीचे आ जाते। जानिए क्या कहा युजवेंद्र चहल ने…..

2013 में मुंबई इंडियंस खिलाड़ी ने चहल को बालकनी से नीचे लटका दिया था

युजवेंद्र चहल

यजुवेंद्र चाहल ने हाल में अपने एक वीडियो में एक खुलासा किया है। इसके लिए उन्होंने कहा है की ये बात किसी को नहीं पता है। 2013 में जब वो मुंबई इंडियंस की स्क्वाड का हिस्सा थे। एक मैच बैंगलोर में था। जिसमें एक गेट टुगेदर पार्टी भी थी। पार्टी में एक खिलाड़ी जिसका उन्होंने नाम नहीं बताया काफी नशे में था। पार्टी के बीच में से उस खिलाड़ी में युजवेंद्र चहल को बुलाया जिसपर वो उसके पास चले गए।

जब उस खिलाड़ी में युजवेंद्र चहल को बालकनी में लटका दिया। चहल ने आगे बताया कि उन्होंने खिलाड़ी की गर्दन में हाथ फसा लिए जिससे वो बच गए। जिसके बाद वहां पर लोगों ने उन्हें बचाया। वो उस समय कुछ बेहोश हो गए थे। वो 15वी मंजिल थी। अगर उनका हाथ फिसल जाता तब युजवेंद्र चहल वहां से गिर जाते। आगे उन्होंने बताया कि तब उन्हें अंदाजा हुआ कि बाहर जाते वक्त हमें कितना जिम्मेदार होना चाहिए।

यहाँ देखें वीडियो

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खिलाड़ी के नाम का नहीं किया जिक्र, पार्टी में हुआ था ये हादसा

युजवेंद्र चहल

यजुवेंद्र चहल ने बताया कि बालकनी में लटकाने के बाद वहां मौजूद लोगों ने उन्हें बचाया। बाहर जाने पर कितना जिम्मेदार होना चाहिए? ये बात तब समझ आई। यजुवेंद्र चाहल ने बताया,

” 2013 में हमारा एक मैच बैंगलोर में था। मैच के बाद एक गेट टुगेदर था। पार्टी में एक खिलाड़ी था जोकि बहुत नशे में था, वो मुझे घूर रहा था फिर उसने मुझे बुलाया। वो मुझे बाहर ले गया और बालकनी से मुझे टांग दिया। मेरे हाथ इस खिलाड़ी के गले में फसे हुए थे, अगर मेरी ग्रिप छूट जाती तब मैं 15वी मंजिल पर था। वहा मौजूद लोग वहां अचानक से आय और सारी स्थिति को संभाला। मैं बेहोश का हो गया था मुझे पानी दिया तब मुझे समझ आया कि बाहर जाते समय हमें कितना जिम्मेदार होना चाहिए। ये एक ऐसी घटना थी, जिसके बारे एम मैं कह सकता हूं कि मैं बाल बाल बचा था। अगर थोड़ी से गलती हो जाती तो मैं नीचे गिर जाता”।

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