उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में भव्य राम मंदिर के निर्माण के बाद यह स्पष्ट किया कि सरकार का नजरिया सिर्फ एक स्थान तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे प्रदेश में विरासत और संस्कृति को संजोने की दिशा में पहल जारी है। जब उनसे मंच पर यह सवाल पूछा गया कि “क्या मथुरा और काशी अगला लक्ष्य हैं?” और विशेषकर विवादित धार्मिक स्थलों — जैसे काशी में ज्ञानवापी मस्जिद तथा मथुरा में **शाही ईदगाह मस्जिद — के बारे में क्या योजना है?”*
तब उन्होंने कहा कि “हम सभी जगह पहुंचेंगे” (We will reach all places)। इस जवाब से यही संकेत मिलता है कि भाजपा-शासित उत्तर प्रदेश में धार्मिक और ऐतिहासिक विरासतों पर ध्यान दिया जाएगा, चाहे वह अयोध्या हो, काशी या मथुरा।
हर समाज को अपनी संस्कृति और इतिहास पर गर्व करने का अधिकार: योगी आदित्यनाथ
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि किसी भी समाज को अपनी संस्कृति और इतिहास पर गर्व महसूस करना चाहिए, और उसी भावना के साथ ये सभी प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के राम जन्मभूमि विवाद के निर्णय को देश के लोकतंत्र की सबसे बड़ी जीत बताया और इसका सम्मान किया। उनका स्पष्ट कथन था कि अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण एक ऐतिहासिक क्षण था, और यही भावना आगे भी विभिन्न धार्मिक स्थलों के संदर्भ में दिखाई देगी।
उनके इस बयान में यह भी जिक्र है कि उत्तर प्रदेश का उद्देश्य सिर्फ भौतिक निर्माण करना नहीं, बल्कि धर्म-संस्कृति और सामाजिक पहचान को पुनर्जीवित करना है। यही वजह है कि जब उनसे कहा गया ‘अयोध्या के बाद अगला लक्ष्य मथुरा है’, तो उन्होंने साधारण शब्दों में कहा — “हम सब जगह पहुंच चुके हैं और पहुंचेंगे।”
अयोध्या के बाद काशी, मथुरा हम हर जगह पहुंचेंगे: योगी आदित्यनाथ
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार अयोध्या में राम मंदिर के समापन के बाद कानूनी रूप से विवादित धार्मिक स्थल जैसे मथुरा और काशी पर चर्चा तेज हो गई है। इन स्थानों को हिंदू धार्मिक परंपरा में अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। काशी विश्वनाथ और मथुरा-वृंदावन की संस्कृति-परंपरा हिंदू धर्म के प्रमुख केंद्र हैं, और इनके आसपास के विवादों एवं दावों पर लंबे समय से सामाजिक और राजनीतिक बहस चलती रही है।
अयोध्या-काशी-मथुरा जैसे तीनों धार्मिक केंद्रों को एक साथ जोड़ने वाला नारा लोक स्तर पर काफी प्रसिद्ध है, और चुनावी तथा सामाजिक धारणाओं में यह एक प्रतीकात्मक महत्व रखता है।
ऐसे में जब भाजपा-नेता यह कहते हैं कि “हम सभी जगह पहुंचेंगे”, तो इसका मतलब साफ है कि सरकार का लक्ष्य आम जनता की धार्मिक भावनाओं को सम्मान देना है, साथ ही साथ धार्मिक स्थानों के प्रबंधन एवं संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाना है।
